ODOP के 1000 स्टॉल रेलवे स्टेशन और IOC पेट्रोल-पंप पर खुलेंगे, 12 हजार लोगों को मिलेगा रोजगार

ODOP के 1000 स्टॉल रेलवे स्टेशन और IOC पेट्रोल-पंप पर खुलेंगे, 12 हजार लोगों को मिलेगा रोजगार

लखनऊ. प्रदेश गवर्नमेंट ‘एक जिला-एक उत्पाद’ (ओडीओपी) के एक हजार स्टाल इस वित्तीय साल के अंत तक खोलने की तैयारी में है. रेलवे स्टेशन, पेट्रोल पंप, विदेशों में स्थित दूतावासों, राष्ट्र के विभिन्न शहरों में स्थित यूपिका के शो-रूम में ओडीओपी बिक्री के ये स्टाल खोले जाएंगे. इन स्टालों के खुलने पर करीब 12 हजार लोग सीधे तौर पर रोजगार से जुड़ेंगे.

राज्य की योगी सरकार इन उत्पादों की बिक्री के लिए अब प्रदेश के साथ ही देश-विदेश में दुकानें और स्टाल खोलने की तैयारी में है. इस दिशा में पहली बड़ी कामयाबी रेलवे स्टेशनों पर स्टाल खोलने के क्षेत्र में मिलती नजर आ रही है. रेल प्रशासन ने 600 से अधिक स्टेशनों पर ओडीओपी उत्पादों की बिक्री के लिए स्टाल बनाकर देने की सूची शासन को दे दिया है. दूसरी कामयाबी इण्डिया आयल कारपोरेशन के पेट्रोल पंपों पर मिलती नजर आ रही है. आईओसी प्रदेश और अन्य राज्यों में संचालित अपने पेट्रोल पंपों पर स्टाल बनाकर देगी. इनके अतिरिक्त मुबई, अहमदाबाद, बंगलुरू आदि शहरों में स्थित यूपिका के शो-रूम को भी ओडीओपी बिक्री का केंद्र बनाया जाएगा.

(ओडीओपी) कार्यक्रम के अनुसार अद्वितीय कृषि उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए, कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) ने आवश्यक बुनियादी ढांचा और वित्तीय सहायता प्रदान करने के लिए पांच राज्यों के सात जिलों में पायलट प्रारम्भ किया है. जिन जिलों में पायलट प्रारम्भ किए गए हैं उनमें यूपी में लखनऊ (आम) शामिल हैं; नागपुर (मैंडरिन ऑरेंज), नासिक (प्याज), महाराष्ट्र में सांगली (अंगूर), आंध्र प्रदेश में कृष्णा (आम), तेलंगाना में कुमुराम भीम (बाजरा) और तमिलनाडु में धर्मपुरी (बाजरा).

चिन्हित समूहों में, एपीडा खाद्य प्रसंस्करण मंत्रालय के योगदान से इन जिलों से अद्वितीय कृषि उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा देने के लिए किसान उत्पादक संगठनों (एफपीओ), किसान उत्पादक कंपनियों (एफपीसी) और स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) की संवेदीकरण कार्यशालाओं का आयोजन कर रहा है.